🌊 नदियाँ · उत्तरी और उत्तर-पूर्वी पर्वत
सिंधु
मानचित्रों में भारत की सीमाएँ भारत सरकार द्वारा आधिकारिक रूप से दर्शाए अनुसार हैं। नदियाँ, पर्वत-श्रेणियाँ और क्षेत्र Natural Earth के सार्वजनिक डेटा से बनाए गए हैं और अनुमानित हैं।
भारत की सबसे पश्चिमी हिमालयी नदी। यह तिब्बत में कैलाश श्रेणी में बोखर चू के पास एक हिमनद से निकलती है, जहाँ इसे सिंगी खंबान (शेर का मुख) कहते हैं। यह लद्दाख और ज़ास्कर श्रेणियों के बीच उत्तर-पश्चिम बहती है, लद्दाख और बाल्टिस्तान से गुज़रती है, अटक पर काबुल और मिठानकोट के ऊपर पंजनद (पंजाब की पाँच नदियाँ) को लेती है, और कराची के पूर्व अरब सागर में मिलती है। भारत में यह लद्दाख और जम्मू-कश्मीर केंद्रशासित प्रदेशों से बहती है।
📘 NCERT Class 11, India: Physical Environment, Ch. 3 (Drainage System) ↗
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इस तंत्र की सहायक नदियाँ और भाग
📜 इतिहास में यहाँ आस-पास
मानचित्र पर बनी नदी से लगभग 20 किमी के भीतर YugMap के स्थल और घटनाएँ।
- लगभग 2,600 ई.पू. परिपक्व हड़प्पा नगरीय चरण का आरंभ
- लगभग 400 ई.पू. पाणिनि ने अष्टाध्यायी की रचना की
- 325 ई.पू. सिकंदर की सेना सिंधु नदी में नीचे की ओर चली
- 1008 छछ का युद्ध
- 1221 चंगेज़ ख़ान ने जलालुद्दीन का सिंधु तक पीछा किया
- 1843 सिंध का विलय
हम कैसे जाँचते हैं: हर तथ्य NCERT कक्षा 11, ‘भारत: भौतिक पर्यावरण’ (अध्याय 1–3) से लिखा गया है, और जब तक हर अंश के मुख्य वाक्यांश अध्याय के अपने पाठ में न मिलें, हमारा बिल्ड विफल हो जाता है। लंबाई, ऊँचाई और क्षेत्रफल केवल वैसे ही दिए गए हैं जैसे NCERT देता है। आकृतियाँ Natural Earth के सार्वजनिक भौतिक डेटा से हैं; जिन स्थलाकृतियों का विश्वसनीय मानचित्र-डेटा नहीं है, उनका वर्णन है पर उन्हें बनाया नहीं गया।